कुछ शेर

पूछते हो बुलबुलों का पता हवा सेवो बता भी दे तो कहां पहचान पाओगे एक वहम और टूटातेरा जाना अच्छा तो नही लगापर एक झूठा और छूटा तुम इधर हो उधर हो या कहां हो बता तो दोतुम हवा ही आग हो या धुआं हो समझा तो दो अब तो ऐसी आदत पड़ गई हैContinue reading “कुछ शेर”

Few Lines on my Dentist

चार दांतो पर चौंतीस चक्कर मैंने अब तक लगाएफोर्सेप एक्सप्लोरर लेकर वो दांतो मे घुस जाएसच में मिलने आता रहूंगा दांत चाहे ठीक हो जाएहे देवी, थोड़ी सी कृपा करदो हम भी खाना चबा पाएं —- उसने चेहरा दूर से देखा तो उसे प्यार हो गयातुम अंदर झांकती हो तुम्हारा क्या होगा —- — —मेरेContinue reading “Few Lines on my Dentist”